बिलासपुर: मरवाही क्षेत्र में रहने वाले 10 साल के नाबालिग से कुकर्म कर युवक ने उसे फांसी के फंदे पर लटका दिया। सुबह गांव के लोगों ने बालक की लाश देखकर पुलिस को सूचना दी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और शव पर मिले चोट के निशान को देखकर पुलिस ने गांव में पूछताछ की। इसके बाद बालक के फुफेरे भाई को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपित ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। आरोपित युवक को न्यायालय के आदेश पर जेल भेज दिया गया है। डीएसपी दीपक मिश्रा ने बताया कि मरवाही क्षेत्र के गांव में दो नवंबर को 10 साल के बालक की लाश निर्माणाधीन मकान में फांसी के फंदे पर लटकी मिली थी। पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। प्राथमिक जांच में ही मामला संदिग्ध लगा। इसकी जानकारी तत्काल अधिकारियों को दी गई। इस पर एसपी एसआर भगत ने फोरेंसिक टीम को भेजकर मामले की गहराई से जांच के आदेश दिए। साथ ही बालक का पोस्टमार्टम डॉक्टरों की टीम से कराने कहा। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पता चला कि बालक की हत्या से पहले कुकर्म किया गया है। इसके बाद उसे किसी ने फांसी पर लटका दिया। शॉर्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस की टीम ने अपनी जांच आगे बढ़ाई। गांव में जाकर पुलिस की टीम ने पूछताछ शुरू कर दी। इसी दौरान पता चला बालक का फुफेरा भाई अर्जुन (25) इन दिनों गांव में रह रहा है। वह अक्सर बालक के घर शराब पीने के लिए आता है। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। तब आरोपित ने बताया कि एक नवंबर की रात वह बालक के घर आया था।
उसने रात को बालक के माता-पिता के साथ बैठकर शराब पी। इसके बाद खाना खाकर वहीं बैठा रहा। रात ज्यादा होने पर बालक के माता-पिता सोने के लिए कमरे में चले गए। युवक वहीं बैठकर आग ताप रहा था। कुछ देर बाद वह भी सोने के लिए रिश्तेदार के घर की ओर जा रहा था। तभी बाड़ी में बालक मिल गया। उसने बालक को देर रात तक घूमने पर डांट लगाई। तब बालक ने भी पलटकर जवाब दे दिया। इससे नाराज होकर युवक ने उसके गुप्तांग को मार दिया। इसके बाद उसने बालक की पिटाई की। इससे बालक बेहोश हो गया। बेहोश बालक को वह निर्माणाधीन मकान में लेकर गया। वहां पर उसने बालक से कुकर्म किया। इसके बाद साड़ी से फांसी का फंदा बनाकर बालक को टांग दिया। इससे बालक की मौत हो गई। पुलिस ने आरोपित को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है।






